Edited By Anil Jangid, Updated: 01 Mar, 2026 02:42 PM

कोटा। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच अबू धाबी में कोटा के तीन छात्र फंस गए हैं। इजराइल और अमेरिका द्वारा ईरान पर हमले के बाद क्षेत्र में युद्ध जैसे हालात बन गए हैं। ईरान द्वारा इजराइल के अलावा कतर, यूएई और जॉर्डन सहित कई देशों पर जवाबी कार्रवाई...
कोटा। पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच अबू धाबी में कोटा के तीन छात्र फंस गए हैं। इजराइल और अमेरिका द्वारा ईरान पर हमले के बाद क्षेत्र में युद्ध जैसे हालात बन गए हैं। ईरान द्वारा इजराइल के अलावा कतर, यूएई और जॉर्डन सहित कई देशों पर जवाबी कार्रवाई की खबरों के बीच हवाई सेवाएं बाधित हो गई हैं, जिससे कई भारतीय छात्र वहीं अटक गए हैं।
कोटा निवासी राजकुमार जैन के बेटे सिद्धार्थ जैन अपने कजिन सहित तीन छात्र दुबई- अबू धाबी क्षेत्र में फंसे हुए हैं। उनके साथ सीकर और दिल्ली के चार अन्य छात्र भी मौजूद हैं। सिद्धार्थ वहां सिविल इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रहा है और पिछले दो वर्षों से यूएई में रह रहा है। करीब 20 दिन पहले ही वह कोटा से वापस गया था।
सिद्धार्थ के पिता राजकुमार जैन ने बताया कि बेटे से लगातार संपर्क बना हुआ है। उसने बताया कि आसमान में लगातार मिसाइलें दिखाई दे रही हैं और धमाकों की आवाजें सुनाई दे रही हैं, जिससे भय का माहौल है। हालांकि सभी छात्र फिलहाल सुरक्षित हैं। परिवार ने एहतियात के तौर पर राशन, दवाइयों और अन्य जरूरी सामान की व्यवस्था करवा दी है।
इसी बीच कोटा की तान्या शर्मा भी कनाडा से मुंबई लौटते समय अबू धाबी एयरपोर्ट पर कनेक्टिंग फ्लाइट रद्द होने के कारण फंस गई हैं। उनका परिवार कोटा के भीमगंज मंडी क्षेत्र में रहता है, जबकि उनके पिता मुंबई में हैं।
छात्रों के परिजन बेहद चिंतित हैं और सरकार से मदद की गुहार लगा रहे हैं। परिवारों ने ओम बिरला से भी संपर्क किया है। परिजनों के अनुसार बच्चों का पूरा विवरण संबंधित अधिकारियों को भेज दिया गया है। ओम बिरला ने आश्वासन दिया है कि वे लगातार संपर्क में हैं और जैसे ही सुरक्षित व्यवस्था होगी, छात्रों को भारत लाने का प्रयास किया जाएगा।
इधर कोटा में परिवारजन बच्चों की सुरक्षित वापसी के लिए प्रार्थना कर रहे हैं और जल्द हालात सामान्य होने की उम्मीद जता रहे हैं।