Edited By Anil Jangid, Updated: 16 Feb, 2026 03:16 PM

नागौर। राजस्थान के नागौर रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास कार्य ने अब रफ्तार पकड़ ली है। उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल के अंतर्गत ‘अमृत भारत स्टेशन योजना’ में शामिल नागौर स्टेशन पर मुख्य प्रवेश द्वार का निर्माण कार्य तेज़ी से चल रहा है।
नागौर। राजस्थान के नागौर रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास कार्य ने अब रफ्तार पकड़ ली है। उत्तर पश्चिम रेलवे के जोधपुर मंडल के अंतर्गत ‘अमृत भारत स्टेशन योजना’ में शामिल नागौर स्टेशन पर मुख्य प्रवेश द्वार का निर्माण कार्य तेज़ी से चल रहा है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार आगामी दो से तीन महीनों में प्रवेश द्वार का काम पूरा कर लिया जाएगा, जिससे यात्रियों को हो रही असुविधा कम होगी।
उल्लेखनीय है कि 6 अगस्त 2023 को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देशभर के 508 रेलवे स्टेशनों के पुनर्विकास कार्य का शिलान्यास किया था, जिसमें नागौर भी शामिल था। हालांकि कई स्टेशनों का कार्य पहले ही पूरा हो चुका है, लेकिन नागौर स्टेशन पर काम अपेक्षाकृत धीमी गति से आगे बढ़ा। 22 मई 2025 को प्रधानमंत्री मोदी ने निकटवर्ती देशनोक स्टेशन का उद्घाटन भी किया था, जबकि नागौर का कार्य अभी प्रगति पर है। इसके लिए रेलवे ने 17.11 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत किया है।
पुनर्विकास योजना के तहत स्टेशन परिसर में प्रवेश और निकास के लिए अलग-अलग मार्ग, सर्कुलेटिंग एरिया का सौंदर्यीकरण, दोपहिया और चौपहिया वाहनों के लिए पृथक पार्किंग, यात्रियों के लिए पोर्च, नए अतिथि कक्ष व वीआईपी रूम का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग शौचालय, पे-एंड-यूज सुविधा, प्लेटफॉर्म शेल्टर, पानी के बूथ तथा दिव्यांगजनों के लिए सुगम सुविधाएं विकसित की जाएंगी। स्टेशन भवन के बाहरी और आंतरिक हिस्सों का भी आधुनिकीकरण किया जाएगा।
हालांकि प्रस्तावित एस्केलेटर निर्माण को लेकर संशय की स्थिति बनी हुई है। सूत्रों के अनुसार एस्केलेटर के स्थान पर केवल फुट ओवरब्रिज (एफओबी) बनाने पर विचार किया जा रहा है। फिलहाल नींव का कार्य ही पूरा हो पाया है। अधिकारी इस विषय पर खुलकर बोलने से बच रहे हैं। यात्रियों को अब उम्मीद है कि जल्द ही नागौर स्टेशन आधुनिक सुविधाओं से लैस होकर नया रूप लेगा।