Edited By Sourabh Dubey, Updated: 30 Sep, 2026 07:34 PM
नगर परिषद के नए बोर्ड ने शहर के विकास और स्वच्छता को लेकर अपनी प्राथमिकताएं तय कर ली हैं। नगर परिषद की पहली बड़ी बैठक में “नया डूंगरपुर” तैयार करने का रोडमैप सामने रखा गया। इसमें स्वच्छता, सड़क, नालियों, सीवरेज, पेयजल, बिजली, पर्यटन और नागरिक...
डूंगरपुर। नगर परिषद के नए बोर्ड ने शहर के विकास और स्वच्छता को लेकर अपनी प्राथमिकताएं तय कर ली हैं। नगर परिषद की पहली बड़ी बैठक में “नया डूंगरपुर” तैयार करने का रोडमैप सामने रखा गया। इसमें स्वच्छता, सड़क, नालियों, सीवरेज, पेयजल, बिजली, पर्यटन और नागरिक सुविधाओं को लेकर कई अहम फैसले लिए गए।
बैठक में तय किया गया कि दिवाली से पहले शहर की सड़कों की मरम्मत, विशेष सफाई अभियान, झाड़ियों की कटिंग और नालियों की सफाई कराई जाएगी। वहीं डूंगरपुर के प्रमुख पर्यटन स्थल गैप सागर की पाल को सजाने और सुनेरिया तालाब के सौंदर्यीकरण पर भी काम किया जाएगा।
नगर परिषद में नव निर्वाचित पार्षदों की बैठक स्वच्छता ब्रांड एंबेसडर केके गुप्ता की अध्यक्षता में हुई। बैठक में सभापति सुशीला गुप्ता, उपसभापति अनिल पटेल, आयुक्त ललित सिंह देथा सहित पार्षद मौजूद रहे। पार्षदों ने अपने-अपने वार्ड की समस्याएं बैठक में रखीं।
हर वार्ड में सफाई, झाड़ियों की कटिंग और नालियों की मरम्मत
नगर परिषद ने सभी वार्डों में सफाई व्यवस्था को मजबूत करने के निर्देश दिए हैं। इसके तहत झाड़ियों की कटिंग, नालियों की सफाई और मरम्मत, स्ट्रीट लाइट दुरुस्त करने और खाली भूखंडों की सफाई पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
दिवाली से पहले शहर की प्रमुख सड़कों की मरम्मत कराने का लक्ष्य रखा गया है। वहीं नवरात्रि से पहले प्रमुख नवरात्रि स्थलों पर भी सड़क और अन्य जरूरी व्यवस्थाएं पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं।
इसके अलावा शहर में फॉगिंग अभियान चलाने और नालियों की नियमित सफाई कराने की बात कही गई है। शहर में घूमने वाले पशुओं और आवारा कुत्तों को पकड़ने के लिए भी अभियान शुरू करने का निर्णय लिया गया है।
गैप सागर की पाल को मिलेगा नया रूप
बैठक में डूंगरपुर के पर्यटन विकास पर भी विशेष चर्चा हुई। गैप सागर की पाल को सजाने और पर्यटकों के लिए सुविधाएं विकसित करने की योजना बनाई गई है।
इसके साथ ही सुनेरिया तालाब के सौंदर्यीकरण पर भी काम किया जाएगा। शहर के अन्य पर्यटन स्थलों और बाग-बगीचों को भी विकसित और व्यवस्थित करने पर परिषद का फोकस रहेगा।
नगर परिषद का उद्देश्य डूंगरपुर की ऐतिहासिक और प्राकृतिक धरोहरों को बेहतर सुविधाओं से जोड़कर पर्यटन को बढ़ावा देना है।
कचरा फैलाने पर जुर्माना, सूचना देने वालों को प्रोत्साहन
शहर में स्वच्छता व्यवस्था को प्रभावी बनाने के लिए सार्वजनिक स्थानों पर कचरा फेंकने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। बैठक में कचरा फैलाने पर जुर्माना लगाने का निर्णय लिया गया।
वहीं सार्वजनिक स्थान पर कचरा फेंकने वालों की सूचना देने वाले नागरिकों को प्रोत्साहन या इनाम देने की व्यवस्था विकसित करने पर भी चर्चा हुई।
वार्ड स्तर पर पार्षदों की टीमें बनाकर सफाई, अतिक्रमण और खाली भूखंडों की स्थिति का मौके पर निरीक्षण कराने की योजना है।
24 घंटे शिकायत कक्ष पर जोर
नगर परिषद की ओर से नागरिकों की समस्याओं के समाधान के लिए 24 घंटे शिकायत कक्ष शुरू करने पर जोर दिया गया है।
पेयजल लाइन में लीकेज, नियमित जलापूर्ति, बिजली के पोल पर लाइट और विद्युत संबंधी शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए संबंधित विभागों को निर्देश देने की बात कही गई।
सीवरेज कार्यों की गुणवत्ता की निगरानी करने और सभी वार्डों में लंबित काम पूरे कराने पर भी जोर दिया गया है। इसके अलावा सड़कों के सामने बनाए गए रैंप और अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई का निर्णय लिया गया।
7 दिन में पट्टा, उपविभाजन और नामांतरण का लक्ष्य
नगर परिषद से जुड़े लंबित मामलों के निपटारे को लेकर भी अहम लक्ष्य तय किया गया है। पट्टा, उपविभाजन और नामांतरण जैसे मामलों का सात दिन में समाधान करने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए हैं।
इसके साथ ही पुरानी पेंडेंसी खत्म करने पर भी फोकस रहेगा। बैठक में यह भी कहा गया कि निजी कॉलोनियों में आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराए बिना पट्टा जारी नहीं किया जाएगा।
पेड़ों की छंटाई के लिए खरीदी जाएगी आधुनिक मशीन
शहर की हरियाली और सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए पेड़ों की छंटाई के लिए नगर परिषद की ओर से अत्याधुनिक मशीन खरीदने का फैसला लिया गया है।
इससे सड़कों और सार्वजनिक स्थानों पर जरूरत के मुताबिक पेड़ों की शाखाओं की छंटाई की जा सकेगी और सफाई व्यवस्था को भी बेहतर किया जा सकेगा।
डूंगरपुर को 309 नगरीय निकायों के लिए रोल मॉडल बनाने का लक्ष्य
स्वच्छता ब्रांड एंबेसडर केके गुप्ता ने कहा कि पूरे राज्य की नजरें डूंगरपुर पर हैं। उन्होंने कहा कि सभी को मिलकर ऐसा शहर तैयार करना है, जिसे प्रदेश की 309 नगरीय निकायों के लिए रोल मॉडल बनाया जा सके।
उन्होंने कहा कि स्वच्छता के साथ शहर के समग्र विकास पर काम किया जाएगा और विकास कार्यों में पार्षदों तथा आमजन के सुझावों को भी शामिल किया जाएगा।
उपसभापति अनिल पटेल ने कहा कि बोर्ड का लक्ष्य डूंगरपुर का सर्वांगीण विकास है। उन्होंने कहा कि दिवाली से पहले शहर को फिर से स्वच्छ और सुंदर बनाने पर विशेष फोकस रहेगा।
बैठक में नगर परिषद के पार्षदों, जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और कर्मचारियों ने शहर के विकास को लेकर अपनी बात रखी।