Edited By Kuldeep Kundara, Updated: 28 Aug, 2025 07:43 PM

जयपुर । राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने कहा कि मानव जीवन का कर्तव्य अनुशासन के साथ सेवा करना है। स्काउट्स-गाइड्स आंदोलन सेवा, संस्कार और अनुशासन की त्रिवेणी है। हर परिस्थिति के लिये तैयार रहकर निस्वार्थ भाव से कार्य करना है
जयपुर । राजस्थान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने कहा कि मानव जीवन का कर्तव्य अनुशासन के साथ सेवा करना है। स्काउट्स-गाइड्स आंदोलन सेवा, संस्कार और अनुशासन की त्रिवेणी है। हर परिस्थिति के लिये तैयार रहकर निस्वार्थ भाव से कार्य करना है। वासुदेव देवनानी गुरुवार को यहां कॉन्स्टिट्यूशन क्लब ऑफ राजस्थान में हिन्दुस्तान स्काउट्स एवं गाइड्स, जयपुर के जिला वार्षिक अधिवेशन को संबोधित कर रहे थे। वासुदेव देवनानी ने दीप प्रज्जवलित कर समारोह का शुभारंभ किया। समारोह में युवाओं ने विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से समाज सेवा का संदेश दिया।
वासुदेव देवनानी ने कहा कि स्काउटिंग का मूल मंत्र हर परिस्थिति के लिये तैयार रहना है। यह मंत्र सामाजिक और राष्ट्रीय जीवन का आदर्श है। भारत का संविधान नागरिकों को अधिकार और कर्तव्य दोनों देता है। स्काउट्स एवं गाइड्स संगठन इन दोनों के मध्य संतुलन को सर्वोत्तम रूप में जीता है। उन्होंने कहा कि युवाओं को अनुशासित नागरिक बनाना, उनमें नेतृत्व और निःस्वार्थ सेवा की भावना जगाना ही इस संगठन का मूल उद्देश्य है। आज जब भी समाज किसी प्राकृतिक आपदा या संकट से जूझता है, तो सबसे पहले सेवा में जुटने वाले स्काउट्स एवं गाइड्स ही होते हैं। यही सेवा का सच्चा नेतृत्व है।
वासुदेव देवनानी ने कहा कि आज भारत विश्वगुरु बनने की दिशा में अग्रसर है और इस यात्रा की वास्तविक शक्ति हमारी युवा पीढ़ी है। यदि प्रत्येक स्काउट-गाइड यह संकल्प ले कि वह सत्य, कर्तव्य और राष्ट्रहित से कभी पीछे नहीं हटेगा, तो भारत का भविष्य सदैव सुनहरा रहेगा। उन्होंने कहा कि आज तकनीकी युग में अवसरों के साथ-साथ भटकाव भी है, आर्थिक प्रगति के साथ नैतिक मूल्यों में गिरावट का खतरा भी है, भौतिक सुख बढ़े हैं लेकिन संवेदनशीलता की परीक्षा भी बढ़ी है। ऐसे समय में स्काउट्स गाइड्स को समाज के पथ-प्रदर्शक की भूमिका निभानी चाहिये।