Edited By Ishika Jain, Updated: 07 Sep, 2026 11:18 AM
भारतीय सिनेमा की विरासत को संरक्षित करने और विश्व स्तर पर भारतीय फिल्म संस्कृति को पहचान दिलाने वाले फिल्मकार एवं फिल्म आर्काइविस्ट शिवेन्द्र सिंह डूंगरपुर फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के निमंत्रण पर प्रतिष्ठित Lumière Summit में भाग लेने के...
भारतीय सिनेमा की विरासत को संरक्षित करने और विश्व स्तर पर भारतीय फिल्म संस्कृति को पहचान दिलाने वाले फिल्मकार एवं फिल्म आर्काइविस्ट शिवेन्द्र सिंह डूंगरपुर फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के निमंत्रण पर प्रतिष्ठित Lumière Summit में भाग लेने के लिए फ्रांस पहुंच गए हैं।
यह अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन 7 सितंबर 2026 को फ्रांस के सेंट-पॉल-डी-वांस स्थित Fondation Maeght में आयोजित किया जा रहा है। सम्मेलन की सह-अध्यक्षता फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्यांग करेंगे।
सिनेमा और Moving Image के भविष्य पर होगा मंथन
Lumière Summit का उद्देश्य सिनेमा और ‘Moving Image’ के भविष्य को लेकर दुनिया के प्रमुख फिल्मकारों, नीति-निर्माताओं, तकनीकी विशेषज्ञों और फिल्म संस्थानों को एक वैश्विक मंच पर एक साथ लाना है।
इस सम्मेलन में फिल्म उद्योग से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होने की उम्मीद है। इनमें Artificial Intelligence (AI) का सिनेमा पर प्रभाव, रचनात्मक स्वतंत्रता, फिल्म निर्माण के नए वित्तीय मॉडल, दर्शकों तक पहुंच और विश्व सिनेमा की विरासत का संरक्षण जैसे विषय प्रमुख हैं।
सम्मेलन में 55 से अधिक देशों के प्रतिनिधियों के शामिल होने की जानकारी सामने आई है।
भारतीय फिल्म विरासत की आवाज बनेंगे शिवेन्द्र सिंह डूंगरपुर
दक्षिणी राजस्थान के डूंगरपुर राजघराने से ताल्लुक रखने वाले शिवेन्द्र सिंह डूंगरपुर का इस प्रतिष्ठित वैश्विक मंच पर आमंत्रित होना भारतीय सिनेमा और उसकी समृद्ध फिल्म विरासत के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
राजस्थान के पूर्व डूंगरपुर राजघराने से जुड़े उनके नाम के साथ-साथ भारतीय फिल्म धरोहर के संरक्षण और पुनर्स्थापन के क्षेत्र में उनकी अंतरराष्ट्रीय पहचान ने उन्हें इस वैश्विक विमर्श में महत्वपूर्ण प्रतिनिधि बनाया है। उनका Lumière Summit में शामिल होना राजस्थान के लिए भी गौरव का विषय माना जा रहा है।
Film Heritage Foundation के संस्थापक हैं शिवेन्द्र सिंह डूंगरपुर
शिवेन्द्र सिंह डूंगरपुर Film Heritage Foundation के संस्थापक और निदेशक हैं। वे लंबे समय से भारत की पुरानी और दुर्लभ फिल्मों को संरक्षित करने तथा उन्हें पुनर्स्थापित करने के अभियान से जुड़े हुए हैं।
उनके नेतृत्व में Film Heritage Foundation ने भारतीय सिनेमा की महत्वपूर्ण फिल्मों और फिल्म सामग्री के संरक्षण एवं पुनर्स्थापन के क्षेत्र में उल्लेखनीय काम किया है। उनका उद्देश्य भारतीय फिल्म विरासत को आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित रखना और वैश्विक स्तर पर भारतीय सिनेमा के इतिहास को उचित पहचान दिलाना रहा है।
AI और OTT के दौर में सिनेमा के भविष्य पर चर्चा
इस वर्ष का Lumière Summit ऐसे दौर में आयोजित हो रहा है, जब AI, Social Media और OTT Platforms ने फिल्म उद्योग के सामने कई नई चुनौतियां और संभावनाएं पैदा की हैं।
तकनीक के तेजी से बदलते दौर में फिल्म निर्माण, रचनात्मक अधिकार, कलाकारों और फिल्मकारों की भूमिका, दर्शकों की बदलती पसंद तथा फिल्मों के संरक्षण जैसे मुद्दे वैश्विक स्तर पर महत्वपूर्ण हो गए हैं।
ऐसे में Summit में होने वाली चर्चाएं आने वाले वर्षों में सिनेमा और Moving Image के क्षेत्र की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती हैं।
भारत के लिए महत्वपूर्ण वैश्विक मंच
Lumière Summit केवल फिल्मों के निर्माण और प्रदर्शन तक सीमित सम्मेलन नहीं है। इसका व्यापक उद्देश्य आने वाले दशक में Moving Image की रचनात्मक, तकनीकी और सांस्कृतिक दिशा पर वैश्विक विमर्श को आगे बढ़ाना है।
ऐसे अंतरराष्ट्रीय मंच पर शिवेन्द्र सिंह डूंगरपुर की मौजूदगी भारतीय फिल्म विरासत के महत्व को वैश्विक स्तर पर सामने रखने का अवसर प्रदान करती है। उनके माध्यम से भारत की समृद्ध फिल्म धरोहर, उसके संरक्षण और पुनर्स्थापन से जुड़े प्रयासों को अंतरराष्ट्रीय सिनेमा जगत के सामने रखने की उम्मीद है।
शिवेन्द्र सिंह डूंगरपुर का यह अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में शामिल होना न केवल भारतीय सिनेमा के लिए बल्कि राजस्थान और विशेष रूप से डूंगरपुर की सांस्कृतिक पहचान के लिए भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।