Edited By Anil Jangid, Updated: 29 Jun, 2026 04:16 PM
श्री लक्ष्मीनारायण एस्ट्रो सॉल्यूशन अजमेर की निदेशिका ज्योतिषाचार्या एवं टैरो कार्ड रीडर नीतिका शर्मा ने बताया कि 4 जुलाई 2026 को शुक्रदेव कर्क राशि से निकलकर सिंह राशि में प्रवेश करेंगे।
जयपुर: दैत्यों के गुरु, भाग्य के कारक और समस्त प्रकार के भौतिक सुखों को प्रदान करने वाले शुक्र देव 4 जुलाई 2026 को चंद्रमा की राशि की अपनी यात्रा को विराम देते हुए सिंह राशि में प्रवेश करेंगे। शुक्र इस राशि में 01 अगस्त तक इसी राशि में रहेंगे। इसके बाद कन्या राशि में गोचर कर जाएंगे। शुक्र ग्रह को भोग विलास, सुख-सुविधा, प्रेम, विलासिता जैसा कारकों के लिए जाना जाता है। श्री लक्ष्मीनारायण एस्ट्रो सॉल्यूशन अजमेर की निदेशिका ज्योतिषाचार्या एवं टैरो कार्ड रीडर नीतिका शर्मा ने बताया कि 4 जुलाई 2026 को शुक्रदेव कर्क राशि से निकलकर सिंह राशि में प्रवेश करेंगे। शुक्र के राशि परिवर्तन से राशि चक्र की सभी राशियों पर अनुकूल प्रभाव पड़ेगा। शुक्र के राशि परिवर्तन का प्रभाव कुछ राशियों के लिए लाभकारी साबित होगा। शुक्र एक राशि में लगभग 23 दिनों तक रहते हैं इसके बाद वह फिर से राशि परिवर्तन करते हैं। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार शुक्र का गोचर बहुत अहम माना जाता है क्योंकि यह वैवाहिक जीवन सौंदर्य सुख विलासिता आदि के कारक ग्रह माने जाते हैं। शुक्र के गोचर के प्रभाव सभी राशियों पर देखने को मिलेगा। कुछ राशियों के लिए शुक्र का गोचर जीवन में उतार-चढ़ाव लेकर आएगा तो कुछ राशियों के जीवन में अच्छे दिन आएंगे।
वैदिक ज्योतिष में शुक्र ग्रह को एक शुभ ग्रह माना गया है। इसके प्रभाव से व्यक्ति को भौतिक, शारीरिक और वैवाहिक सुखों की प्राप्ति होती है। इसलिए ज्योतिष में शुक्र ग्रह को भौतिक सुख, वैवाहिक सुख, भोग-विलास, शोहरत, कला, प्रतिभा, सौन्दर्य, रोमांस, काम-वासना और फैशन-डिजाइनिंग आदि का कारक माना जाता है। शुक्र वृषभ और तुला राशि का स्वामी होता है और मीन इसकी उच्च राशि है, जबकि कन्या इसकी नीच राशि कहलाती है। शुक्र को 27 नक्षत्रों में से भरणी, पूर्वा फाल्गुनी और पूर्वाषाढ़ा नक्षत्रों का स्वामित्व प्राप्त है। ग्रहों में बुध और शनि ग्रह शुक्र के मित्र ग्रह हैं और तथा सूर्य और चंद्रमा इसके शत्रु ग्रह माने जाते हैं।
शुक्र के पास अमृत संजीवनी
अमृत संजीवनी के मालिक शुक्र पृथ्वी के साथ हैं और शुक्र के पास अमृत संजीवनी है। प्राकृतिक आपदा और अप्रिय घटनाएं जन शून्य स्थानों पर होने की संभावना अधिक है। शुक्र अमृत संजीवनी के कारण संक्रमण और दुर्घटना के शिकार लोगों को बचाने में सफल रहेंगे।
शुक्र का शुभ-अशुभ प्रभाव
शुक्र के राशि परिवर्तन से कानूनी मामलों में वृद्धि होगी। देश की अर्थव्यवस्था के लिए शुभ रहेगा। खाने की चीजों की कीमतें सामान्य रहेंगी। सब्जियां, तिलहन और दलहन की कीमतें कम होंगी। भौतिक सुख और वैवाहिक सुख में वृद्धि होगी। मशीनरी समान महंगे हो सकते हैं। व्यापार में तेजी रहेगी। सोने चांदी के भाव में वृद्धि होगी। दूध से बनी चीजों का उत्पादन बढ़ सकता है। सुख-सुविधाओं की चीजों में बढ़ोत्तरी भी हो सकती है। आय में बढ़ोतरी होगी। इसके साथ ही राजनीति में उतार-चढ़ाव देखने को मिलेगा। शुक्र के अशुभ प्रभाव से स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां भी होती है।
शुक्र ग्रह के उपाय
लक्ष्मी माता की उपासना करें। सफेद वस्त्र दान करें। भोजन का कुछ हिस्सा गाय, कौवे और कुत्ते को दें। शुक्रवार का व्रत रखें और उस दिन खटाई न खाएं। चमकदार सफेद एवं गुलाबी रंग का प्रयोग करें। श्री सूक्त का पाठ करें। शुक्रवार के दिन दही, खीर, ज्वार, इत्र, रंग-बिरंगे कपड़े, चांदी, चावल इत्यादि वस्तुएं दान करें।
आइए ज्योतिषाचार्या एवं टैरो कार्ड रीडर नीतिका शर्मा से जानते हैं कि शुक्र के गोचर से सभी राशियों पर क्या प्रभाव पड़ेगा।
मेष राशि
विद्यार्थियों और प्रतियोगिता में बैठने वाले छात्रों के लिए तो यह समय अतिउत्तम है। किसी भी तरह की सरकारी सर्विस के लिए आवेदन करना हो अथवा नए अनुबंध पर हस्ताक्षर करना हो तो परिणाम सुखद रहेगा। प्रेम संबंधी मामलों में प्रगाढ़ता आएगी।
वृषभ राशि
जमीन जायदाद से जुड़े मामले हल होंगे। मकान अथवा वाहन प्राप्ति का भी योग। मित्रों तथा संबंधियों से भी सुखद समाचार की प्राप्ति होगी। विदेशी कंपनियों में सर्विस अथवा नागरिकता के लिए प्रयास करना चाह रहे हों तो उस दृष्टि से भी समय बेहतरीन रहेगा। नए लोगों से मेलजोल बढ़ेगा।
मिथुन राशि
धर्म और आध्यात्म में भी रुचि रहेगी। धार्मिक ट्रस्टों तथा अनाथालय आदि में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेंगे और दान पुण्य करेंगे। परिवार में छोटे भाइयों से मतभेद बढ़ने न दें। अपनी रणनीतियां तथा योजनाओं को गोपनीय रखते हुए कार्य करेंगे तो अधिक सफल रहेंगे।
कर्क राशि
आय के स्रोत भी बढ़ेंगे। स्वास्थ्य की दृष्टि से दाहिनी आंख से संबंधित समस्या से सावधान रहें। कार्यक्षेत्र में षड्यंत्र का शिकार होने से बचें और कोर्ट कचहरी से संबंधित मामले भी आपस में सुलझा लेना समझदारी रहेगी। पैतृक संपत्ति संबंधी विवाद हल होंगे। परिवार में मांगलिक कार्यों का सुअवसर आएगा।
सिंह राशि
कार्यक्षेत्र का विस्तार होगा। कोई भी नया कार्य आरंभ करना हो या साझा व्यापार करना हो तो उस दृष्टि से भी यह अवसर बेहतर रहेगा। शासन सत्ता का भी पूर्ण सहयोग मिलेगा। माता-पिता के स्वास्थ्य के प्रति चिंतनशील रहें। मकान अथवा वाहन का क्रय करना चाह रहे हों तो भी समय उत्तम है।
कन्या राशि
यात्रा देशाटन का लाभ मिलेगा। विदेशी मित्रों तथा संबंधियों से भी सुखद समाचार प्राप्ति के योग। विद्यार्थी वर्ग विदेश में पढ़ाई करने के लिए जाने का प्रयास कर रहे हों तो उस दृष्टि से ग्रह गोचर अनुकूल रहेगा। विवादित मामले कोर्ट से बाहर ही सुलझाएं।
तुला राशि
अपनी ऊर्जाशक्ति का सदुपयोग करेंगे तो पूर्ण सफल रहेंगे। संतान के दायित्व की पूर्ति होगी। प्रेम संबंधी मामलों में प्रगाढ़ता आएगी। प्रेम विवाह भी करना चाह रहे हों तो उस दृष्टि से भी ग्रह गोचर अनुकूल रहेगा। नव दंपति के लिए संतान प्रादुर्भाव का भी योग।
वृश्चिक राशि
जमीन जायदाद से जुड़े मामले हल होंगे। मकान अथवा वाहन का क्रय करना चाह रहे हों तो भी ग्रह स्थितियां अनुकूल रहेगी। मित्रों तथा संबंधियों से सुखद समाचार प्राप्ति के योग। इस अवधि के मध्य यात्रा सावधानी पूर्वक करें और सामान चोरी होने से बचाएं।
धनु राशि
यात्रा देशाटन का लाभ मिलेगा। किसी दूसरे देश के लिए वीजा आदि का आवेदन करना चाह रहे हों तो उस दृष्टि से भी ग्रह-गोचर अनुकूल रहेगा। धर्म और आध्यात्म में रुचि बढ़ेगी यहां तक कि धार्मिक ट्रस्टों और अनाथालय आदि में भी बढ़कर हिस्सा लेंगे और दान पुण्य करेंगे। योजनाएं गोपनीय रखें और कार्य में लगे रहें।
मकर राशि
कार्यक्षेत्र में षड्यंत्र का शिकार होने से बचें। धोखाधड़ी से भी बचें। आपके अपने ही लोग नीचा दिखाने की कोशिश कर सकते हैं सावधान रहें। आर्थिक पक्ष मजबूत होगा। विषमताओं के बावजूद कहीं न कहीं आपके लिए सामाजिक सम्मान अथवा पुरस्कार की घोषणा हो सकती है।
कुंभ राशि
दांपत्य जीवन में भी मधुरता आएगी। ससुराल पक्ष से सहयोग मिलेगा। केंद्र अथवा राज्य सरकार के विभागों में किसी भी तरह के टेंडर आदि के लिए आवेदन करना हो तो उस दृष्टि से भी ग्रह स्थितियां अनुकूल रहेंगी। नए लोगों से मेल-जोल बढ़ेगा। परिवार में नए मेहमान के आगमन से माहौल खुशनुमा रहेगा।
मीन राशि
यात्रा देशाटन का तो लाभ मिलेगा ही विलासिता पूर्ण वस्तुओं पर अधिक खर्च होगा। उच्चाधिकारियों से मतभेद बढ़ने न दें। विवाह संबंधी वार्ता में थोड़ा और समय लगेगा। अत्यधिक खर्च के कारण आर्थिक तंगी का भी सामना करना पड़ सकता है इसलिए अपव्यय से बचें।