बीजेपी नेत्री वीडियो कांड पर सियासी संग्राम तेज, हनुमान बेनीवाल के बयान से मचा बवाल

Edited By Anil Jangid, Updated: 01 Mar, 2026 06:09 PM

political storm over bjp leader case hanuman beniwal remark

उदयपुर। बीजेपी नेत्री से जुड़े कथित वीडियो, ब्लैकमेलिंग और दुष्कर्म प्रकरण ने राजस्थान की सियासत में हलचल तेज कर दी है। जहां एक ओर पुलिस स्तर पर जांच की रफ्तार धीमी बताई जा रही है, वहीं राजनीतिक गलियारों में बयानबाजी और रणनीतिक गतिविधियां तेज हो गई...

उदयपुर। बीजेपी नेत्री से जुड़े कथित वीडियो, ब्लैकमेलिंग और दुष्कर्म प्रकरण ने राजस्थान की सियासत में हलचल तेज कर दी है। जहां एक ओर पुलिस स्तर पर जांच की रफ्तार धीमी बताई जा रही है, वहीं राजनीतिक गलियारों में बयानबाजी और रणनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं।

 

ताजा घटनाक्रम में दो भाजपा पदाधिकारी दिल्ली पहुंचकर दो केंद्रीय मंत्रियों से मिले। सूत्रों के अनुसार, उन्होंने पूरे मामले में पार्टी की ‘बचाव रणनीति’ पर चर्चा की और विरोधी खेमे पर माहौल खराब करने का आरोप लगाया। यह दौड़ इसलिए भी चर्चा में रही क्योंकि उसी समय अजमेर में प्रधानमंत्री की सभा के लिए तैयारियां चल रही थीं, लेकिन संबंधित नेता दिल्ली रवाना हो गए।

 

इधर विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने ‘उदयपुर फाइल्स’ मुद्दे को प्रमुखता से उठाया। उनके बयान के दौरान सदन में असामान्य सन्नाटा देखा गया। सूत्रों का कहना है कि उस समय सदन में केंद्र से जुड़े दो नेता भी मौजूद थे। जूली की माता के निधन के बाद राजनीतिक हलकों में यह भी चर्चा रही कि वीडियो कांड में घिरे कुछ नेता इसे संभावित राहत के रूप में देख रहे हैं।

 

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की भूमिका को लेकर भी अटकलें लगाई जा रही हैं। विधानसभा सूत्रों के मुताबिक, मुख्यमंत्री ने इस मामले में निर्णय लेने के लिए कुछ समय मांगा है। अजमेर में प्रधानमंत्री की रैली की व्यस्तताओं के बीच अभी तक कोई स्पष्ट कार्रवाई सामने नहीं आई है।

 

इस बीच रालोपा के संस्थापक और पूर्व मंत्री हनुमान बेनीवाल ने बयान देकर राजनीतिक तापमान और बढ़ा दिया। उन्होंने कहा कि यदि वीडियो सार्वजनिक हुआ तो पूरी भाजपा “नंगी” हो जाएगी। उन्होंने दावा किया कि वीडियो उनके पास भी पहुंच सकता है और इस मामले में सौदेबाजी के प्रयासों की भी बात कही।

 

बेनीवाल के इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में बवाल मच गया है। भाजपा की ओर से अभी तक आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन पार्टी के अंदर मंथन जारी बताया जा रहा है।

 

अब सबकी नजर इस बात पर है कि जांच किस दिशा में जाती है और पार्टी नेतृत्व इस प्रकरण पर क्या रुख अपनाता है। यह मामला आने वाले दिनों में प्रदेश की राजनीति को और गर्मा सकता है।

Related Story

    Trending Topics

    img title
    img title

    Be on the top of everything happening around the world.

    Try Premium Service.

    Subscribe Now!