150 करोड़ की ऑनलाइन सट्टेबाजी का भंडाफोड़, अलवर में सॉफ्टवेयर इंजीनियर समेत 3 गिरफ्तार

Edited By Raunak Pareek, Updated: 03 Jun, 2025 08:38 PM

online satta racket alwar 150 crore arrest

अलवर पुलिस ने ऑनलाइन क्रिकेट सट्टेबाजी के बड़े रैकेट का खुलासा किया है। 150 करोड़ से अधिक का लेन-देन, 30 से ज्यादा वेबसाइटें और 60,000 से ज्यादा एजेंट जुड़े थे। एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर समेत 3 आरोपी गिरफ्तार।

जयपुर 03 जून। अलवर पुलिस ने ऑनलाइन क्रिकेट सट्टेबाजी के एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश करते हुए, इसके सरगना एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। यह गिरोह देश भर में 150 करोड़ रुपये से अधिक की सट्टेबाजी करा चुका था, जिसका नेटवर्क राजस्थान, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और कई अन्य राज्यों में फैला हुआ था। पुलिस ने इनके पास से 6 एंड्राइड मोबाइल, दो लैपटॉप, हार्ड ड्राइव, 15 एटीएम कार्ड सहित एक एसयूवी गाड़ी जब्त की है।

      अलवर एसपी संजीव नैन ने बताया कि गिरफ्तार किए गए आरोपी ऑनलाइन बैटिंग ऐप की वेबसाइटें बनाकर लोगों को ठगते थे। पुलिस ने इनके पास से 6 एंड्रॉयड मोबाइल, 2 लैपटॉप, एक हार्ड ड्राइव, विभिन्न बैंकों के 15 एटीएम कार्ड और एक एसयूवी 300 गाड़ी बरामद की है।

महादेव ऐप की तर्ज पर बनाई थीं 30 से ज़्यादा वेबसाइटें

पुलिस के अनुसार इस गिरोह ने महादेव सट्टा ऐप की तर्ज पर करीब 30 वेबसाइटें तैयार की थीं। इन वेबसाइटों पर आईपीएल सहित अन्य खेलों पर सट्टेबाजी कराई जाती थी। इसके अलावा, ऑनलाइन कैसीनो और मटका (जैसे फरीदाबाद, गाजियाबाद, दिल्ली, जोधपुर) जैसे अन्य जुए के माध्यम भी इन वेबसाइटों पर उपलब्ध थे। आरोपी डेवलपर से लेकर डिस्ट्रीब्यूटर और काले धन को सफेद करने तक पूरे संगठन में सक्रिय रूप से शामिल थे।

रैकेट में 60 हजार से ज्यादा एजेंट और खिलाड़ी

     इस रैकेट में 60,000 से अधिक एजेंट और खिलाड़ी जुड़े हुए थे, जिनका 150 करोड़ का हिसाब अब तक सामने आया है। सट्टेबाजी से कमाया गया पैसा ऑनलाइन और हवाला के जरिए बांटा जाता था, जिसका उपयोग कई शहरों में संपत्तियां खरीदने में किया गया।

ऐसे हुई गिरफ्तारी

साइबर सेल में कार्यरत हेड कांस्टेबल संदीप को मिली खुफिया सूचना के आधार पर उद्योग नगर थाना पुलिस की टीम ने कार्रवाई की। नाकाबंदी कर आगरा से लौटते समय नितिन पालीवाल को रोका गया और उससे पूछताछ की गई। उसके मोबाइल और लैपटॉप से मिली जानकारी के आधार पर मामला दर्ज किया गया। अनुसंधान के दौरान टीम ने मथुरा से महेश शर्मा और पीयूष शर्मा को भी पकड़ा। पूछताछ और उनके डिवाइस से मिली जानकारी से संगठित सट्टेबाजी गिरोह में उनकी संलिप्तता सामने आने के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में अलवर के स्कीम नंबर 10 बी निवासी नितिन पालीवाल, अपनाघर शालीमार निवासी महेश शर्मा और शिवाजी पार्क निवासी पीयूष शर्मा शामिल हैं। पुलिस ने आरोपियों को 4 दिन के रिमांड पर लिया है और आगे की जांच जारी है। जांच में संगठित अपराध से कमाई गई संपत्ति की पुष्टि होने पर भारतीय न्याय संहिता के प्रावधानों के तहत उसे जब्त किया जाएगा। पुलिस इस संगठित गिरोह के अन्य सदस्यों और सहयोगियों के बारे में भी जानकारी जुटा रही है।

Related Story

    Trending Topics

    img title
    img title

    Be on the top of everything happening around the world.

    Try Premium Service.

    Subscribe Now!