Edited By Ishika Jain, Updated: 13 Aug, 2026 06:15 PM

हनुमानगढ़ नगर परिषद सभापति पद की आरक्षण लॉटरी में सीट सामान्य महिला के लिए आरक्षित हुई है। नगर परिषद में 60 वार्ड और 1.31 लाख से अधिक मतदाता हैं।
हनुमानगढ़। राजस्थान में आगामी नगर निकाय चुनावों को लेकर गुरुवार को अध्यक्ष, सभापति और महापौर पदों के आरक्षण की लॉटरी निकाली गई। इसमें हनुमानगढ़ नगर परिषद के सभापति पद को सामान्य महिला श्रेणी के लिए आरक्षित किया गया है। यानी इस बार सभापति पद के लिए सामान्य महिला वर्ग की दावेदार ही चुनाव मैदान में उतर सकेंगी।
पिछले निकाय चुनाव में हनुमानगढ़ सभापति का पद सामान्य श्रेणी में था और नगर परिषद में कांग्रेस का बोर्ड बना था। आरक्षण की नई स्थिति सामने आने के बाद अब राजनीतिक दलों में महिला दावेदारों के नामों को लेकर चर्चाएं तेज होने की संभावना है।
60 वार्ड, 1.31 लाख से ज्यादा मतदाता
हनुमानगढ़ नगर परिषद क्षेत्र में कुल 60 वार्ड हैं। यहां 1.31 लाख से अधिक मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। वार्डों के आरक्षण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद चुनावी तस्वीर और स्पष्ट हो जाएगी।
सभापति पद सामान्य महिला के लिए आरक्षित होने के बाद अब प्रमुख राजनीतिक दलों को इसी वर्ग से मजबूत दावेदार तलाशने होंगे।
कलेक्टर स्तर पर होगी वार्ड आरक्षण की लॉटरी
UDH मंत्री झाबर सिंह खर्रा के अनुसार अब पार्षदों के वार्डों का आरक्षण जिला कलेक्टर स्तर पर लॉटरी के माध्यम से किया जाएगा। इसके बाद राज्य निर्वाचन आयोग चुनाव कार्यक्रम घोषित करेगा।
चुनाव कार्यक्रम जारी होने के साथ ही आचार संहिता लागू होगी। मंत्री के अनुसार सितंबर महीने में चुनाव प्रक्रिया पूरी किए जाने की संभावना है।
आरक्षण का मतलब समझिए
अनारक्षित ओपन: किसी भी वर्ग का महिला या पुरुष उम्मीदवार चुनाव लड़ सकता है।
अनारक्षित महिला: किसी भी वर्ग की महिला उम्मीदवार चुनाव लड़ सकती है।
OBC ओपन: OBC वर्ग से महिला या पुरुष उम्मीदवार चुनाव लड़ सकता है।
OBC महिला: केवल OBC वर्ग की महिला उम्मीदवार दावेदारी कर सकती है।
SC ओपन: SC वर्ग से महिला या पुरुष उम्मीदवार चुनाव लड़ सकता है।
SC महिला: SC वर्ग की महिला उम्मीदवार ही चुनाव लड़ सकती है।
ST ओपन: ST वर्ग से महिला या पुरुष उम्मीदवार चुनाव लड़ सकता है।
ST महिला: ST वर्ग की महिला उम्मीदवार ही चुनाव लड़ सकती है।
हनुमानगढ़ सभापति पद का आरक्षण तय होने के बाद अब सभी की नजर वार्ड आरक्षण की आगामी लॉटरी पर रहेगी। इसके बाद ही चुनावी समीकरण और संभावित प्रत्याशियों की तस्वीर ज्यादा स्पष्ट होगी।