Edited By Payal Choudhary, Updated: 27 Mar, 2026 04:21 PM

राजस्थान में नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) ने करीब 3 करोड़ रुपए की अफीम (अफीम का दूध) के साथ पिता-पुत्र को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई राजसमंद जिले के देवगढ़ इलाके में की गई, जहां पुलिस ने फिल्मी अंदाज में...
राजस्थान में नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) ने करीब 3 करोड़ रुपए की अफीम (अफीम का दूध) के साथ पिता-पुत्र को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई राजसमंद जिले के देवगढ़ इलाके में की गई, जहां पुलिस ने फिल्मी अंदाज में आरोपियों को पकड़ने के लिए गाड़ी का टायर तक पंक्चर कर दिया।
58 किलो अफीम बरामद
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 58 किलो अफीम का दूध बरामद किया है, जिसकी कीमत लगभग 3 करोड़ रुपए आंकी गई है।
गिरफ्तार आरोपी:
- भंवर सिंह
- उसका बेटा जितेंद्र सिंह
दोनों अलग-अलग गाड़ियों में तस्करी का माल लेकर जा रहे थे।
लंबे समय से नजर में था आरोपी
आईजी विकास कुमार के अनुसार
- आरोपी भंवर सिंह पहले से ही पुलिस की निगरानी में था
- वर्ष 2013 में उसे NCB (नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो) ने अफीम तस्करी के मामले में गिरफ्तार किया था
- वह करीब 8 साल जेल में भी रह चुका है
जेल से बाहर आने के बाद भी उसकी गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही थी
सांवरिया सेठ मंदिर तक पीछा
पुलिस टीम ने आरोपी का पीछा करते हुए
Sanwariya Seth Temple तक पहुंची
- आरोपी यहां हर बार आता था
- माल ले जाते वक्त अक्सर रात में यहीं रुकता था
पुलिस ने भी गुप्त रूप से वहीं डेरा डालकर उसकी गतिविधियों पर नजर रखी
ऐसे बिछाया जाल
अगले दिन
- बेटा जितेंद्र सिंह बोलेरो गाड़ी में आगे चल रहा था
- पिता भंवर सिंह दूसरी कार में अफीम लेकर पीछे आ रहा था
जैसे ही सही समय मिला, पुलिस ने एक्शन लिया
टायर पंक्चर कर किया गिरफ्तार
देवगढ़ के पास
✔ पहले बेटे की गाड़ी को जाने दिया गया
✔ फिर भंवर सिंह की कार का टायर पंक्चर कर दिया गया
✔ मौके पर ही उसे दबोच लिया गया
संपर्क टूटने पर बेटा भी रुक गया और उसे भी गिरफ्तार कर लिया गया
मुखबिर ने निभाई अहम भूमिका
इस कार्रवाई में एक अहम जानकारी
- आरोपी एक खास ढाबे पर रुकता था
- पुलिस ने ढाबे के वेटर को मुखबिर बनाया
- उसी से मिली सूचना के आधार पर पूरा ऑपरेशन प्लान हुआ
इससे पहले भी पुलिस ने दो बार पकड़ने की कोशिश की थी, लेकिन आरोपी बच निकला था
बड़े नेटवर्क का खुलासा संभव
पूछताछ में
- भंवर सिंह ने कई बड़े तस्करों के नाम बताए हैं
- पुलिस अब पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी है
संभावना है कि इस केस से बड़ी ड्रग्स सप्लाई चेन का खुलासा हो सकता है
NDPS एक्ट में कार्रवाई
दोनों आरोपियों के खिलाफ
NDPS Act के तहत मामला दर्ज किया गया है
निष्कर्ष
राजस्थान में नशे के खिलाफ यह कार्रवाई एक बड़ा संदेश है
✔ पुलिस लगातार निगरानी कर रही है
✔ तकनीकी और मुखबिर नेटवर्क मजबूत हुआ है
✔ बड़े तस्करों तक पहुंचने की कोशिश जारी है