Edited By Anil Jangid, Updated: 12 Jan, 2026 04:20 PM

बाड़मेर। जिले के रामसर क्षेत्र में रविवार देर रात एक बड़ा सड़क हादसा होते-होते टल गया। रामसर बाजार से लगभग एक किलोमीटर दूर पूनियों की ढाणी के पास बाड़मेर की ओर जा रही एक इको कार अचानक सड़क पर आई भैंस से टकरा गई। टक्कर इतनी तेज थी कि कार संतुलन खो...
बाड़मेर। जिले के रामसर क्षेत्र में रविवार देर रात एक बड़ा सड़क हादसा होते-होते टल गया। रामसर बाजार से लगभग एक किलोमीटर दूर पूनियों की ढाणी के पास बाड़मेर की ओर जा रही एक इको कार अचानक सड़क पर आई भैंस से टकरा गई। टक्कर इतनी तेज थी कि कार संतुलन खो बैठी और सड़क से करीब 8 से 10 फीट नीचे गहरी खाई में जा गिरी। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई, लेकिन ग्रामीणों की तत्परता से सभी सवार सुरक्षित बाहर निकाल लिए गए।
जानकारी के अनुसार, रविवार रात कार रामसर से बाड़मेर की ओर जा रही थी। इसी दौरान अंधेरे में सड़क पर अचानक भैंस आ गई। चालक को संभलने का मौका नहीं मिला और कार सीधे भैंस से जा टकराई। टक्कर के बाद कार अनियंत्रित होकर खाई में गिर गई। दुर्घटना की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण और राहगीर तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया।
ग्रामीणों ने बिना समय गंवाए खाई में उतरकर कार के दरवाजे खोले और उसमें सवार सभी लोगों को बाहर निकाला। सौभाग्य से कार में सवार किसी भी व्यक्ति को गंभीर चोट नहीं आई। कुछ लोगों को हल्की खरोंच और मामूली चोटें आईं, जिन्हें मौके पर ही प्राथमिक उपचार दिया गया। ग्रामीणों की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई के कारण बड़ा नुकसान होने से बच गया।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि दुर्घटना में भैंस को गंभीर चोटें आई हैं। हादसे के बाद कुछ देर तक सड़क पर यातायात प्रभावित रहा, लेकिन ग्रामीणों के सहयोग से स्थिति को जल्द ही सामान्य कर दिया गया। सूचना मिलने पर स्थानीय लोग भी मौके पर पहुंचे और पुलिस को जानकारी दी गई।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस क्षेत्र में रात के समय सड़क पर आवारा पशुओं की आवाजाही आम बात है, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि सड़क किनारे सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएं और आवारा पशुओं की समस्या के समाधान के लिए ठोस कदम उठाए जाएं, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।
ग्रामीणों का यह भी कहना है कि यदि कार की रफ्तार अधिक होती या चालक का नियंत्रण पूरी तरह खो जाता, तो हादसा जानलेवा भी हो सकता था। इस घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और पशु नियंत्रण की आवश्यकता को उजागर कर दिया है।