Edited By Anil Jangid, Updated: 15 Jan, 2026 02:51 PM

बारां। बारां जिले में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान को बड़ी सफलता मिली है। कोतवाली पुलिस ने बुधवार को शहर में सक्रिय एक संगठित स्मैक तस्करी गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन नशा सप्लायर्स को गिरफ्तार किया है। आरोपी स्मैक की छोटी-छोटी पुड़िया बनाकर और...
बारां। बारां जिले में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान को बड़ी सफलता मिली है। कोतवाली पुलिस ने बुधवार को शहर में सक्रिय एक संगठित स्मैक तस्करी गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन नशा सप्लायर्स को गिरफ्तार किया है। आरोपी स्मैक की छोटी-छोटी पुड़िया बनाकर और एविल इंजेक्शन में मिलाकर इसे चलते-फिरते अलग-अलग इलाकों में बेचते थे। पुलिस ने उनके कब्जे से स्मैक की पुड़िया, एविल इंजेक्शन और सिरिंज जब्त की हैं। फिलहाल आरोपियों से गहन पूछताछ की जा रही है, जिससे नशे के नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों के नाम सामने आने की संभावना है।
ऑपरेशन ‘नशा-विनाश’ के तहत कार्रवाई
पुलिस अधीक्षक अभिषेक अंदासु ने बताया कि जिले में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी पर रोक लगाने के लिए विशेष अभियान ‘नशा-विनाश’ चलाया जा रहा है। इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक राजेश चौधरी के सुपरविजन और उपाधीक्षक हरिराम सोनी के नेतृत्व में कोतवाली थाना क्षेत्र में लगातार निगरानी रखी जा रही थी। इस दौरान कोतवाली थाना प्रभारी योगेश चौहान को मुखबिरों से पुख्ता सूचना मिली कि कुछ युवक संगठित गिरोह बनाकर स्मैक की खरीद-फरोख्त कर रहे हैं।
मुखबिर की सूचना से खुला पूरा नेटवर्क
सूचना के अनुसार शाकिर उर्फ भैया, अनवर हुसैन और हसन नामक युवक स्मैक को आपस में बांटकर शहर के अलग-अलग इलाकों में पुड़िया बनाकर बेच रहे थे। साथ ही स्मैक को एविल इंजेक्शन में मिलाकर नशेड़ियों को सप्लाई किया जा रहा था। पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए डोल मेला तालाब की पाल पर दबिश दी और तीनों आरोपियों को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपी और कानूनी कार्रवाई
पुलिस ने तालाब पाड़ा निवासी शाकिर उर्फ भैया (38), अमन कॉलोनी माथना रोड निवासी हसन (30) और सब्जी मंडी मर्दान गैब चौक निवासी अनवर हुसैन शाह को गिरफ्तार किया है। तीनों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट और संगठित अपराध की धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। जांच सदर थाना प्रभारी हीरालाल पूनिया को सौंपी गई है।
शहर में नशे की बढ़ती समस्या
सूत्रों के अनुसार बारां शहर और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में बड़ी संख्या में युवा स्मैक और गांजा की लत का शिकार हो रहे हैं। नशे की लत लगने के बाद कई युवक पहले अपने परिवार को आर्थिक और मानसिक रूप से तोड़ रहे हैं और बाद में नशे के लिए चोरी जैसी वारदातों में भी शामिल हो रहे हैं। व्यापारियों और समाजसेवियों द्वारा कई बार पुलिस को इस समस्या से अवगत कराया गया था।
पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका
इस कार्रवाई में कोतवाली प्रभारी योगेश चौहान के साथ हैड कांस्टेबल विनोद कुमार, हरीश भाटी, पवन कुमार विश्नोई, अमरचंद मीणा, कृष्ण मुरारी और कांस्टेबल जुगल सिंह व नरेंद्र सिंह शामिल रहे। पुलिस का कहना है कि नशे के खिलाफ अभियान आगे भी सख्ती से जारी रहेगा।