Edited By Anil Jangid, Updated: 12 Jan, 2026 01:52 PM

पुष्कर। तीर्थराज पुष्कर स्थित जगत पिता ब्रह्मा के विश्व प्रसिद्ध एकमात्र मंदिर में पिछले आठ वर्षों से महंत की गद्दी खाली पड़ी है। महंत सोम पूरी की 11 जनवरी 2017 को हुई दुर्घटनात्मक मृत्यु के बाद अब तक नए महंत की नियुक्ति नहीं हो सकी है, जिससे...
पुष्कर। तीर्थराज पुष्कर स्थित जगत पिता ब्रह्मा के विश्व प्रसिद्ध एकमात्र मंदिर में पिछले आठ वर्षों से महंत की गद्दी खाली पड़ी है। महंत सोम पूरी की 11 जनवरी 2017 को हुई दुर्घटनात्मक मृत्यु के बाद अब तक नए महंत की नियुक्ति नहीं हो सकी है, जिससे साधु-संतों और तीर्थ पुरोहितों में गहरा आक्रोश है।
महंत सोम पूरी की 8वीं बरसी पर आयोजित श्रद्धांजलि सभा में साधु-संतों ने इस स्थिति को सनातन परंपराओं के साथ अन्याय बताया। साधु समाज अध्यक्ष महंत सेवा नंद गिरी ने कहा कि लगभग 1400 वर्षों से महानिर्वाणी अखाड़े के संत ब्रह्मा मंदिर की गद्दी संभालते आए हैं, ऐसे में वर्षों तक गद्दी खाली रहना दुर्भाग्यपूर्ण है।
तीर्थ पुरोहितों ने मंदिर की व्यवस्थाओं, रखरखाव और परंपरागत धार्मिक कार्यों में आ रही अनियमितताओं पर भी सवाल उठाए। वर्तमान में मंदिर का संचालन जिला कलेक्टर के अधीन अस्थायी प्रबंधन समिति द्वारा किया जा रहा है, जिसे संत समाज परंपराओं के विपरीत मानता है।
साधु-संतों ने केंद्र और राज्य सरकार से शीघ्र महंत नियुक्त कर परंपरा बहाल करने की दो टूक मांग की है।